Love Poetry In Urdu -2: Top 10 Romantic 2 Line Shayari

Love Poetry In Urdu Romantic 2 Line : अपने प्यार को अपनी जिंदगी में लाने के लिए आशिक किसी भी हद से गुजर सकता है. फिर चाहे वह अपने जिंदगी को पूरी तरह से बदल भी सकता है. अगर उसकी महबूब को उसके कोई आदत पसंद ना आती हो. तो उस आदत को भी वह उसी वक्त छोड़ने के लिए भी तैयार हो सकता है.

लेकिन उसके दिल में बस एक ही बात आती है. चाहे कुछ भी हो जाए उसके दिलबर का साथ उसे जिंदगी भर मिल सके. क्योंकि वह अपने महबूब को ही अपनी जिंदगी मानता है. और उसे छोड़कर वह अपनी जिंदगी की कल्पना भी नहीं कर सकता है.

यही बात आज हम Love Poetry In Urdu Romantic 2 Line की मदद से आपको बताना चाहते हैं. ताकि आपको भी सच्चे प्यार की अहमियत समझ आ सके. और आप भी अगर किसी से प्यार करो. तो वह अपनी तहे दिल से और सच्चा ही प्यार करो.

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हमारी इन प्यारी सी लव शायरियों को Sanjay Masnewar इनकी आवाज में सुनकर अपने दिल में महबूब की याद जरूर पाओगे!

तो चलिए आज Shayari Sukun के मंच पर कुछ चुनिंदा शायरियां सुनाना चाहते हैं. जो हम खास आपके लिए और अपने दोस्तों के लिए ही लेकर आए हैं. आपको अगर इन Love Poetry In Urdu Romantic 2 Line पसंद आए. तो इन्हें अपने दोस्तों के साथ साझा करना बिल्कुल ना भूलें.

Table of Content

  1. Love Poetry In Urdu Romantic 2 Line
  2. Love Poetry In Urdu For Girlfriend
  3. Love Poetry In Urdu SMS
  4. Love Poetry In Urdu For Husband
  5. Love Poetry In Urdu
  6. Conclusion

Love Poetry In Urdu Romantic 2 Line

1)

तू संग हैं तो फिर खौफ क्या मँझधार का
चौदहवीं का चाँद हैं या अक्स तेरे रुखसार का..

हैं आरज़ू इतनी ज़िन्दगी दगा दे तेरी गलीयों में
मेरा दम निकलने को हो मोहताज तेरे दीदार का..

-Moeen

tu sang hai to fir khauff kya majhdhar ka
chodvi ka chand hai ya aks tere rukhsar ka..
hai aarzoo itni jindagi daga de teri galiyon mein
mera dam nikalne ko ho mohtaj tere deedar ka..

अगर किसी आशिक का महबूब उसके साथ हो. तो उसे किसी बात की कोई फिक्र नहीं होती है. उसे अपनी कश्ती जिंदगी की मझधार में चलाने से वास्ता होता है. और अपने महबूब के साथ यह प्यार की कश्ती वो जरूर संभाल लेगा.

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उसके मन में इस बात का पूरा विश्वास भी होता है. अपने दिलबर के चांद जैसे मुखड़े को वह हमेशा याद करता रहता है. वो जिस तरह से अपनी महबूबा से तहे दिल से प्यार करता है. वह जिंदगी भर हमेशा उसी का साथ पाना चाहता है. और उसी के साथ वह मरने की भी तमन्ना रखता है.

2)

ज़ूलफें ढल कर जब तेरे रुखसार पर आ गई
चौदहवीं के चाँद पर जैसे काली घटा छा गई..

एक भोली सी लड़की तकती हैं मुझे चुपके से
जब कभी नज़रें मिली तो हया से शरमा गई..

-Moeen

zulfein dhalkar jab tere rukhsar per chha gai
chaudhavi ke chand per jaise kali ghata chha gayi..
ek bholi si ladki takti hai mujhe chupke se
jab kabhi nazre mili to hayaa se sharma gayi..

Love Poetry In Urdu Romantic 2 Line की मदद से महबूबा के जलवे बताना चाहोगे. आशिक अपने यार की जितनी तारीफ करता है. शायद दुनिया में कोई भी इंसान किसी की तारीफ ना करता हो. क्योंकि उसके दिलबर की अदाएं ही उस तारीफ के काबिल होती है.

जिनका जिक्र वह बार-बार महफिलों में भी करता रहता है. जिस तरह से वह दिलबरा अपने आशिक को निहारती है. अपनी नजरों के तीर वो उसके दिल पर चलाना चाहती है. ताकि उसका दिलबर हमेशा उसी के प्यार में घायल होता रहे.

Love Poetry In Urdu For Girlfriend

3)

हर मौसम में खुश रंग फिज़ा झाँके
उस की आँखों से जैसे हया झाँके..

वो इशारों में सब कुछ कहना तेरा
और नैनों से शिद्दत की वफा झाँके..

-Moeen

har mausam mein khush rang fiza jhanke
uski aankhon se best jaise hayaa jhanke..
vo isharo mein sab kuchh kahana tera
aur naino se siddharth ki wafa jhanke..

अपने महबूब के रुखसारों पर जब आशिक प्यार देखता है. तो उसके हया की लाली को वह जरूर पहचान जाता है. और उसके जिंदगी में इस तरह की बात अब हर वक्त थोड़ी ना होती है. इसी वजह से वह अपनी जिंदगी में इस तरह के नए मुकाम तक पहुंच रहा है. मानो प्यार में उसकी जिंदगी अब हद से गुजर रही हो.

और वह भी अपने दिलबर की आंखों में चलता रहता है. ताकि अपने प्रेम का इजहार वह कुछ इस तरह से हर वक्त करता रहे. और हमेशा अपनी अदाओं से घायल करने वाली महबूबा को याद करें. और इशारों ही इशारों में उसके साथ प्यार से मीठी बातें कर सके.

4)

तेरा वजूद जैसे मचलती खुश रंग फिज़ा बहारों में
वो मुझे छूती समंदर सी… मैं बिखरता किनारों में..

जब देखा तुझे तेरी सहेलीयों संग तो जागा अहसास
जैसे एक मुकम्मल चाँद हो कई सितारों में..

-Moeen

tera vajud jaise machalti khush rang fiza baharon mein
vah mujhe chhuti samander si mein bikharta kinaron me..
jab dekha tujhe saheliyon ke sang tu jaga ehsaas
jaise ek mukammal chand ho kai sitaron mein..

Love Poetry In Urdu For Girlfriend अपने महबूब की यादों में खो जाना चाहोगे. जब भी कोई आशिक अपने महबूब को छत पर देखता है. तब उसके मन में कई सारे अरमान जाग उठते हैं. को अपनी जुल्फें लहराती हुई हवाओं में आंचल भी उड़ आती है. तो जैसे उसे बरसात होने का अनुभव होता है.

और इसी तरह से जब अपने दिलबरा को वह उसकी सहेलियों के साथ कहीं जाते हुए देखता है. तब उसे अपने यार पर और भी ज्यादा प्यार आता है. क्योंकि उसका महबूब उसे रात में चमकते हुए चांद जैसा नजर आता है. और उसकी सहेलिया मानो जैसे सितारों जैसी ही होती है.

Love Poetry In Urdu SMS

5)

तेरी मुस्कुराहट से खिज़ा में भी बहार आए
तेरे तबस्सुम से काँटों पर भी निखार आए..

तेरी महफिलों की शान कोई हम से पूछे
जीतने वाले भी यहाँ अपना दिल हारे..

-Moeen

teri muskurahat se khijaa mein bhi bahar aaye
tere tabassum se kaaton per bhi nikhar aaye..
teri mahfilon ki shan koi humse puche
jitne wale bhi yahan apna dil haare..

कोई भी आशिक कभी भी अपने महबूब की तारीफ करते हुए कभी नहीं सकता है. हो उसे अपने जिंदगी में खिलती हुई बहार भी कहता है. और जिस तरह से उसकी यार की अदाओं का जिक्र वो महफ़िल में करता है.

मानो जैसे पतझड़ में भी फूल खिल उठते हैं. और साथ ही जैसे कांटों को भी एक नया निखार आता है. अपने दिलबर के आने से पहले उसकी जिंदगी मरुस्थल जैसी थी. उसके महबूब का साथ मिलते ही उसकी जिंदगी जैसे बरसात के नए बादल जैसी हो जाती है.

6)

चलो किसी रोज हम तुम अकेले निकलते हैं
रखकर फोन घर में बस दोनों मिलते हैं..

chalo kisi roj ham tum akele nikalte hain..
rakhkar phone ghar mein bus donon milte hain..

Love Poetry In Urdu SMS की मदद से अपने यार को बुलाना चाहोगे. अपने महबूब से मिलने की उस आशिक के दिल में अरसों से तमन्ना है. लेकिन उसका दिलबर उसे बस फोन पर चैटिंग करते हुए ही टाल रहा है. लेकिन अब आशिक से महबूब के मिले बगैर रहा नहीं जा रहा है.

और इसी वजह से वह उसे फोन पर आखरी मैसेज करते हुए शायरी की मदद से यही बात कहना चाहता है. अगर वह उससे सच्चा और तहे दिल से प्यार करना चाहती है. तो उसे अपने दिल पर के साथ जरूर एक बार मिलना ही होगा. और तभी वह अपने यार से जी भर के बातें कर पाएगा.

Love Poetry In Urdu For Husband

7)

कभी ना पीने की भी कसम खा लूंगा
जीने मरने की साथ, कसम खा लूंगा..

एक बार बस आंखों से अपनी पिला देना मुझे
जिंदगी शराफत से गुजारने की कसम खा लूंगा.

kabhi na peene ki bhi kasam kha lunga
jeene marne ki sath, kasam kha lunga..
ek bar bus aankhon se apni pila dena mujhe
jindagi sharafat se gujarne ki kasam kha lunga..

आशिक के मन में अपने प्यार की हर एक कसम खाने की तमन्ना होती है. लेकिन इन सारी कसमों को और वादों को वह अपने महबूब के साथ ही खाना चाहता है. क्योंकि उसके जिंदगी में अब जो नए बदलाव आए हैं. उन्हें वह अपनी जिंदगी की आदत बनाना चाहता है.

और इसी वजह से वह अपनी पुरानी सभी बुरी आदतों को भी छोड़ देने के लिए तैयार है. लेकिन अपने दिलबर से उसकी बस एक ही दरख्वास्त है. उसका यार उसकी कातिल नजरों से उसे जी भर के प्यार करें. फिर वह अपने आप को उसके मुताबिक की रखना चाहता है.

8)

नहीं होता है लम्हे भर का इश्क
ताउम्र सदियों की इबादत होती है..

शिकायत करें भी तो कैसे
मेरी हर सांस को चाहत तेरी होती है..

nahin hota hai lamhe bhar ka ishq
taumra sardiyo ki ibadat hoti hai..
shikayat karen bhi to kaise
meri har saans ko chahat teri hoti hai..

Love Poetry In Urdu For Husband की मदद से यार को याद करोगे. क्योंकि हर आशिक अपने सच्चे प्यार का मतलब तो समझता है. और उसे पता है कि प्यार करना मामूली सा खेल नहीं होता है. यह दो दिलों का मिलन तो होता ही है.

लेकिन उससे भी ज्यादा उम्र भर का एक दूसरे पर विश्वास होना होता है. तभी उनका प्यार मुकम्मल मुकाम तक पहुंच सकता है. और उसके दिल में अब अपने महबूब के लिए कोई शिकायत भी नहीं होती है. क्योंकि मोहब्बत का असर ही उसके दिल पर कुछ इस तरह से हो जाता है. वह चाहकर भी अपने मन की शिकायत दिलबर से नहीं कर सकता है.

Love Poetry In Urdu

Love Poetry In Urdu
Love Poetry In Urdu
9)

या खुदा, ताउम्र अब मुझे
कभी मंजिल ही ना मिले..

बड़ी मुश्किल से हुई हैं राजी
वो साथ चलने को मेरे..

ya khuda, taumra ab mujhe
kabhi manjil hi na mile..
badi mushkil se hui hai raji
vah sath chalne ko mere..

दोस्तों आशिक अपने दिलबर से कितना प्यार करता है. इसी बात का जिक्र इस शायरी में किया गया है. आशिक अपनी अल्लाह से यही दरख्वास्त करता है कि उसने अपने महबूब को किसी तरह से मना लिया है.

और अब उसका इलाज जिंदगी भर उसके साथ चलने के लिए तैयार तो हुआ है. अब खुदा उसके मन की बस एक ही मुराद पूरी करें. उसकी जिंदगी की मंजिल अवश्य मिलेगी ना कुछ ऐसी बात वह करें. ताकि अपने मेहबूब का साथ उसे उम्र भर यूं ही मिलता रहे.

10)

ठंड बड़ी लग रही है आज..
प्यार का स्वेटर पहना दे कोई…!

thand badi lag rahi hai aaj
pyar ka sweater pehna de koi…!

Love Poetry In Urdu की मदद से यार पर इश्क आ जाएगा. चाहत की बात आशिकों के दिल में अपने आप बस जाती है. और उनका यह खुशमिजाज अंदाज ही अपने दिलबर को अपनी ओर आकर्षित कर लेता है. और कुछ इसी तरह की बात जब अपने प्यार में आशिक करता है.

तो उसे सर्दियों का मौसम भी याद आ जाता है. और सर्दियों में अगर हमें ठंड लगती है. तो हम खुद स्वेटर पहन लेते हैं. कुछ उसी तरह से आशिक अपनी यार को पास बुलाने की तरकीब ढूंढता है. और उससे इस ठंड भरे माहौल में खुद को स्वेटर पहनाने की दरख्वास्त भी करता है. और यह बात उसे उस पर कितना प्यार आ रहा है यह जताती है.

Conclusion

दोस्तों आज की प्यार भरी शायरियों को सुनकर आप अपने महबूब से तुरंत प्यार का इजहार करना चाहोगे. और हमें यकीन है कि आपके दिलबर पर भी यह शायरियां प्यार का असर जरूर करेगी.

हमारी इन Love Poetry In Urdu -2 को सुनकर अपने प्यार की यादों में आप खो चुके हो. तो हमें comment field में comment करते हुए जरूर बताईये.

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