Sad

Akelepan Ki Shayari: The Best 45+ अकेलेपन की शायरी

Akelepan Ki Shayari: Stay lonely no more! Browse through the most touching and romantic sad expressers and be happy. The greatest 45+ Akelepan ki Shayari to express your lonely feelings. Best Shayari for when you feel lonely and want somebody to walk with you.

दिल से वो खयाल निकल जाए जो मोहब्बत के नाम से तड़पता रहता हैं. सांसे तो बस चलती रहती हैं लेकिन इंसान कब का मर जाता हैं. कुछ ऐसे ही ख्याल हम आज की अकेलेपन की शायरी की मदद से लेकर आए हैं.

Table of Content

  1. Akelapan Shayari In Hindi – अकेलापन शायरी इन हिंदी
  2. Shayari On Akelapan – शायरी ऑन अकेलापन
  3. Akelapan Heart Touching Shayari – अकेलापन हार्ट टचिंग शायरी
  4. Akelapan Shayari – अकेलापन शायरी
  5. Akelepan Ki Shayari – अकेलेपन की शायरी
  6. Conclusion

It’s said that loneliness is very harmful to one’s mind and health also. Because of loneliness man cannot think about anything properly. Have you gone through such an alone situation? do let us know about it! We hope you will find Akelepan Ki Dard Bhari Shayari, Tanhai Par Status Hindi needful for it. Also, you can like and share Akelepan Ki Best Shayari on Sharechat with your friends.

तो चलिए दोस्तों अब बढ़ते हैं हमारी आज की खास दर्द भरी Akelepan Ki Shayari Download की पेशकश की ओर! हमें यकीन है कि आपको आज के हमारे Tanhai Par Status Hindi बहुत पसंद आएंगे. अगर हां, तो आप शायरी सुकून की इस बेहतरीन Akelepan Ki Shayari Images को अपने व्हाट्सएप स्टेटस पर लगा ना बिल्कुल ना भूलें.

Akelapan Shayari In Hindi – अकेलापन शायरी इन हिंदी

Akelapan Shayari In Hindi को सुनकर प्रेमिका अपने महबूब के दिल तोड़ जाने से परेशान रहती है. उसे पता है कि आसमान और जमीन में बहुत ज्यादा फर्क होता हैं. चाहें कुछ भी हो जाए दोनों एक नहीं हो सकते. लेकीन फिर भी ऊंचे पर्वत हमें वो नजारा दिखा ही देते है. लेकीन शायर बहुत बदकिस्मत हैं.

Akelapan Shayari In Hindi
Akelapan Shayari In Hindi
1)

तुम्हारे बिना भीड़ में भी
मैं खुद को अकेला पाती हूं..

अकेलेपन में अपने, मैं बस
तेरी यादों को करीब पाती हूं..

-Vrushali

tumhare bina bheed mein bhi
main khud ko akela pati hun..
akelepan mein apne, main bus
teri yadon ko kareeb pati hun..

2)

मेहबूब ने ही की थी
प्यार में मेरे साजिशें..

अकेलेपन में रह गई है
अब अधूरी ये ख्वाहिशें..

-Kavya

mehboob ne hi ki thi
pyar mein mere saajishen..
akelepan mein rah gai hai
ab adhuri ye khwahishen..

3)

अकेले में छोटी सी परेशानी भी
हमें बहुत बड़ी लगने लगती हैं..

मगर हमसफ़र अपना साथ हो
तो हर परेशानी छोटी ही लगती हैं..

-Vrushali

akele mein chhoti si pareshani bhi
hamen bahut badi lagne lagti hai..
magar humsafar apna sath ho
to har pareshani chhoti hi lagti hai..

4)

इश्क मेरा तुझसे अब
हरदम यही कहना चाहता है..

अकेलेपन में भी ये दिल
तेरे साथ ही रहना चाहता है..

-Gauri

ishq mera tujhse ab
hardam yahi kahna chahta hai..
akelepan mein bhi ye dil
tere sath hi rahna chahta hai..

5)

सनम ज़िंदगी में कभी तुम मुझे
अकेलेपन से रूबरू ना करवाना..

हो जाए कोई खता गर मुझसे
तो तुम प्यार से मुझे समझाना..

-Vrushali

sanam jindagi mein kabhi tum mujhe
akelepan se rubaru na karvana..
ho jaaye koi khata gar mujhse
to tum pyar se mujhe samjhana..

6)

मुझसे प्यार करने में
उसने जरा देरी कर दी..

अब अकेलेपन में मेरी
दर्द से आंखें भर दी..

-Santosh

mujhse pyar karne mein
usne jara der kar di..
ab akelepan mein meri
dard se aankhen bhar di..

7)

जब दिल में कोई बसता है
तो हर पल वो साथ रहता है..

प्यार का वो एहसास हमें
अकेलेपन से बचाता है..

-Vrushali

jab dil mein koi basta hai
to har pal vo sath rahta hai..
pyar ka vo ehsaas hamen
akelepan se bachata hai..

8)

ऐसी कोई जगह तो होगी जहां
जमीं आसमां को छु लेती होगी..

क्या मेरा प्यार इस काबिल भी नहीं
के जी भर के तुझे देख ही लूं..

-Vrushali

aisi koi jagah to hogi jahan
zameen aasman ko chhu leti hogi..
kya mera pyar is kaabil bhi nahin
ke ji bhar ke tujhe dekh hi lun..

वो अपने प्यार से मिल ना तो दूर उसे देख भी नहीं सकता. दोस्तों जब मोहब्बत कम हो जाए तो ये आम बात हैं की बातें भी कम होंगी. मेरा मतलब बेवजह की मजबूरियों से हैं. जैसे की बात करने के लिए वक्त निकाल पाना मुमकिन हैं फिर भी वक्त नहीं निकाला जाता. यहां सोचने वाली बात हैं.

9)

मेरी बातों से इतने परेशान हो की
चुप रहने के बहाने ढूंढते हो..

कह दो नहीं हैं मोहब्बत, कमबख्त
इस दिल को जलाते क्यों हो..?

-Vrushali

meri baaton se itne pareshan ho ki
chup rahane ke bahane dhundte ho..
kah do nahin hai mohabbat, kambakht
is dil ko jalate kyon ho..?

लेकिन Akelapan Shayari In Hindi की मोहब्बत ऐसी नहीं होती. मोहब्बत में लोग एक दूसरे के दीदार के लिए तरसते हैं. घंटो बातों में खो जाते हैं. बात न हो सके तो ख्यालों में खो जाते हैं. लेकीन दो लोग आपस में मिलकर भी एक दूसरे से बात न कर पाए तो उनके बीच मोहब्बत नहीं होती बस एक समझौता होता हैं.

Shayari On Akelapan – शायरी ऑन अकेलापन

Shayari On Akelepan की मदद से अपने आशिक की चाहत में दीवानी हुई माशूका उस पर हक जताना चाहती है. सच कहूं तो मोहब्बत कुछ भी नहीं छीन सकती. जब हम किसी से मोहब्बत करते हैं तो हमारा उसपर हक बनता हैं. उससे बातें करने का हक होता हैं. उसे याद करना उसके लिए सजना संवरना और न जाने कितनी सारी बातें.

10)

रक़ीबों को ही वो अब
दिल का हाल बताता है..

कैसे सहूं ये अकेलापन,
मुझे सवाल अब सताता है..

-Kavya

raqeebon ko hi vo ab
dil ka haal batata hai..
kaise sahu ye akelapan,
mujhe sawal ab satata hai..

11)

तुम्हारी तस्वीरें बनाते हैं
हम अपने अकेलेपन में..

रंग भर देते हैं खुशी के
हम तस्वीर में अपनेपन के..

-Vrushali

tumhari tasviren banate hain
ham apne akelepan mein..
rang bhar dete hain khushi ke
ham tasvir mein apnepan ke..

12)

इश्क़ था उसका जैसे किसी लड़कपन का..

चाहत में अंजाम दे गया वो अकेलेपन का..

-Gauri

ishq tha uska jaise kisi ladakpan ka..
chahat mein anjam de gaya vo akelepan ka..

13)

बारिश की बूंदे भी अब हमें
एहसास दिलाती है अकेलेपन का..

ये बरसात भी साथ नहीं देती
छू कर देती है स्पर्श पराएपन का..

-Vrushali

barish ki bunde bhi ab hamen
ehsas dilati hai akelepan ka..
ye barsat bhi sath nahin deti
chhukar deti hai sparsh parayepan ka..

14)

बेवफाई में उसकी मिला है बंजारापन..

दिल में अजीब सा है आज मेरे अकेलापन..

-Santosh

bewafai mein uski mila hai banjarapan..
dil mein ajeeb sa hai aaj mere akelapan..

15)

फूलों की खुशबू अकेलेपन में
मुझे तुम्हारी ही याद दिलाती है..

पसंद थी जो हसीन बहारें तुम्हें
वही आज हमें संवारती रहती है..

-Vrushali

phoolon ki khushbu akelepan mein
mujhe tumhari hi yaad dilati hai..
pasand thi jo hasin baharen tumhen
vahi aaj hamen sanwarti hai..

16)

उसने दिया है मुझे प्यार में अकेलापन..

क्यों करता रहा आज तक ये पागलपन..!

-Gauri

usne diya hai mujhe pyar mein akelapan..
kyon karta raha aaj tak ye pagalpan..!

17)

तूने छीन लिया मेरा तुमसे
बात करने का हक..

मोहब्बत थी खैरात नहीं थी
जो तुमने छीन ली..

-Vrushali

tune chhin liya mera tumse
baat karne ka haq..
mohabbat thi khairat nahin thi
jo tumne chhin li..

जिस दिन ही हक हम खो देते हैं उस दिन हम तो मोहब्बत करते रहते हैं लेकिन सामने वाला हम से मोहब्बत में नहीं होता. बस इस लिए वो हम से मोहब्बत में मिले सारे हक भी छीन लेता हैं. किसी की बातों से खामोश होने का डर हो तो ऐसी बातें करने का मन नहीं होता.

18)

बातों से भी तेरी अब सहम जाती हूं..

याद आता हैं तेरा मुझे ख़ामोश कर जाना..

-Vrushali

baaton se teri ab saham jaati hun..
yad aata hai tera mujhe khamosh kar jana..

जो इंसान हमसे बात करने के बजाय हमारी खामोशी पसंद करता हैं वो इंसान हमसे मोहब्बत कैसे कर सकता हैं. हमारी बातें उसे पसंद नहीं ऐसा भला कैसे हो सकता हैं. ये मोहब्बत नहीं होती. फिर सहम जाना तो जायज हैं. शायद काफ़ी दिनों बाद बातें हो रही हो तो भी ऐसी हालत हो जाती हैं.

Akelapan Heart Touching Shayari – अकेलापन हार्ट टचिंग शायरी

Akelapan Heart Touching Shayari को सुनकर माशूका अपने मजबूर दिल के हालात बया करना चाहती है. अपनी शायरी में कहना चाहती हैं की वो अपनी कविता के जरिए पहले जो दुख बया करते थे. वो अब उनकी हकीकत बन गया हैं.

19)

उम्मीद है इस अकेलेपन में
हम जिंदगी गुजार ही लेंगे..

कभी तुम्हें ख़्वाबों में देखेंगे
तो कभी तुम्हें याद कर लेंगे..

-Vrushali

ummid hai is akelepan mein
ham jindagi gujar hi lenge..
kabhi tumhen khwabon mein dekhenge
to kabhi tumhen yad kar lenge..

20)

रहता था जो हमेशा अपनी
दिलबरा के प्यार में बेताब..

आज उसी ने घूमकर दिया है
अकेलेपन का करारा जवाब..

-Santosh

rehta tha jo hamesha apni
dilbara ke pyar mein betaab..
aaj usi ne ghoomkar diya hai
akelepan ka karara jawab..

21)

बीते लम्हों का अब सहारा है
अकेलापन ही हमें अब गवारा है..

तुम्हारी यादें इतनी हसीं है के
उन्होंने ही हमें अब संवारा है..

-Vrushali

beete lamho ka ab sahara hai
akelapan hi hamen ab gawara hai..
tumhari yaadein itni haseen hai ke
unhone hi hamen ab sanwara hai..

22)

नजरों को अपनी, तस्वीर से
उसकी ही मिलाए हम..

अकेलेपन में अब और
कितना खुद को बचाए हम..

-Kavya

najron ko apni, tasveer se
uski hi milaye ham..
akelepan mein ab aur
kitna khud ko bachaye ham..

23)

अंधेरे साए यहां मंडरा रहे हैं
जैसे हमें यहां से लेने आए हैं..

अकेलेपन में ऐसे खयाल
जैसे हमें डराने आए हैं..

-Vrushali

andhere saye yahan mandra rahe hain
jaise hamen yahan se lene aaye hain..
akelepan mein aise khayal
jaise hamen darane aaye hain..

24)

मेरे अकेलेपन से ही
अब मैंने दोस्ती है की..

समर्पण की भावना तो
उसके मन में कभी ना थी..

-Gauri

mere akelepan se hi
ab maine dosti hai ki..
samarpan ki bhavna to
uske man mein kabhi na thi..

25)

रास्ता भी हमें अकेलेपन की
पहचान ही कराता है..

अपने हालात से हमें
जीने की उम्मीद दिलाता है..

-Vrushali

rasta bhi hamen akelepan ki
pahchan hi karata hai..
apne halat se hamen
jeene ki ummid dilata hai..

26)

कभी लिखती थी बेवजह दर्द भरे
किस्से जो सच नहीं होते थे..

कलम की अहमियत समझाने
लगता हैं खुदा ने सच कर दिए..

-Vrushali

kabhi likhti thi bewajah dard bhare
kisse jo sach nahin hote the..
kalam ki ahmiyat samjhane
lagta hai khuda ne sach kar diye..

जो पहले सिर्फ एक झूट हुआ करता था. सीमा पर लड़ने वाले सिपाही अपने करीबी लोगों से मिलने के लिए तरसते है. उन्हें भी तो याद आती होगी उनके मेहबूब की लेकिन वो उसे मिल नहीं पाते. लेकीन जो लोग अपने मेहबूब से कभी भी बाते कर सकते हैं उसे देख सकते हैं उसकी आवाज सुन सकते हैं.

27)

मजबूर होते हैं वो लोग जो अपने
महबूब की आवाज के लिए तरसते हैं..

काश हमारी भी कोई मजबूरी होती
ख़ामोश रहने की वज़ह तो होती..

-Vrushali

majbur hote hain vah log jo apne
mehboob ki awaaz ke liye taraste hain..
kash hamari bhi koi majburi hoti
khamosh rehne ki vajah to hoti..

वो लोग कदर ही नहीं करते इस बात की. उनका मेहबूब उनसे बस एक फोन कॉल की दूरी पर होता हैं. लेकिन वो उसे कई दिनों का इंतजार करवाते हैं.

Akelapan Shayari – अकेलापन शायरी

Akelapan Shayari की मदद से प्रेमिका अपने गम का आशियाना ढूंढती रहती हैं. लेकीन उसका मेहबूब कभी उसकी नजरों के सामने आ जाए. या फिर उससे बात ही हो जाए, तो उसका दिल भर आता हैं.

Akelapan Shayari
Akelapan Shayari
28)

अकेलेपन से हार गया हूं
अब रोज की तकरार में..

खुश हूं मैं तनहाई जो मिली
आज मुझे उसके प्यार में..

-Santosh

akelepan se haar gaya hun
ab roj ki taqrar main..
khush hoon main tanhai jo mili
aaj mujhe uske pyar mein..

29)

अकेलेपन का साथ है
तो यह सफर कट जाएगा..

पराए लोगों की भीड़ में
अकेलापन साथ रहेगा..

-Vrushali

akelepan ka saath hai
to yah safar kat jayega..
paraaye logon ki bheed mein
akelapan sath rahega..

30)

महफिले भी तनहा है मेरी
मोहब्बत के मिले गम में..

अकेलापन जो महसूस किया
यार बेवफा देखा हमदम में..

-Kavya

mehfilen bhi tanha hai meri
mohabbat ke mile gam mein..
akelapan jo mahsus kiya
yaar bewafa dekha humdam mein..

31)

मोहब्बत में मुझे दर्द देने का
उन्होंने ना छोड़ा कोई मौका..

दूर चले गए वो हमेशा के लिए
देकर अकेलेपन का तोहफा..

-Gauri

mohabbat mein mujhe dard dene ka
unhone na chhoda koi mauka..
dur chale gaye vo hamesha ke liye
dekar akelepan ka tohfa..

32)

महबूब की यादों में
तड़पता हृदय होता है..

अकेलापन मिलना तो
इश्क में जैसे तय होता है..

-Santosh

mehboob ki yaadon mein
tadapta hriday hota hai..
akelapan milna to
ishq mein jaise tay hota hai..

33)

बेचैन हूं मैं, जीने में
हो रही अब मुश्किल..

अकेलापन जो महसूस
कर रहा है ये दिल..

-Kavya

bechain hun main, jeene mein
ho rahi ab mushkil..
akelapan jo mahsus
kar raha hai ye dil..

34)

अकेलेपन में अब आ रहा
जो मेरी आंखों में पानी है..

बयां करता ये दिल आज
तेरे बेवफाई की कहानी है..

-Gauri

akelepan mein ab aa raha
jo meri aankhon mein paani hai..
baya karta ye dil aaj
tere bewafai ki kahani hai..

35)

तेरा नाम भी सुनूं, तो दिल भर आता हैं..

आंखे मेरी अब हमेशा ही नम रहती है..

-Vrushali

tera naam bhi sunu, to dil bhar aata hai..
aankhen meri ab hamesha hi nam rahti hai..

36)

हमारी बातें आपको इस क़दर चुभ गई..

के अब हमें अपने आप से ही नफ़रत हो गई..

-Vrushali

hamari baten aapko is kadar
chubh gai..
ke ab hamen apne aap se hi
nafrat ho gayi..

वो जानता हैं ये तो बस पल भर की बात हैं इसलिए डरता हैं की वो फिर से उसी गम को कैसे सहेगा…! उसे पल पल मरना अच्छा नहीं लगता. वो चाहता हैं वो एक ही पल ऐसी कोई बात सुन ले या समझ ले जिससे वो हमेशा हमेशा के लिए मर जाए.

Akelepan Ki Shayari – अकेलेपन की शायरी

Akelepan Ki Shayari की मदद से माशूका अपनी बेपनाह मोहब्बत को ही ज्यादा अहमियत दे बैठी है. और शायद इसी वजह से कहना चाहती है कि मामूली इंसान भी जब मोहब्बत करता है.

37)

तेरे प्यार में दिल के
गम को बांट रहा हूं..

तन्हाई भरी रातें न जाने
अब कैसे काट रहा हूं..

-Santosh

tere pyar mein dil ke
gam ko bant raha hun..
tanhai bhari raten na jaane
ab kaise kaat raha hun..

38)

प्यार में मिली जुदाई तुमसे
खुद ही दिल के गम सहता रहूं..

मार ही देगी शायद अब मुझे
इस तनहाई का मैं क्या करूं..!

-Kavya

pyar mein mili judai tumse
khud hi dil ke gam sahta rahun..
maar hi degi shayad ab mujhe
is tanhai ka main kya karun..!

39)

जब से तू चली गई छोड़कर
खोया रहता हूं मैं खयालों में..

अकेलापन ही मिला है दिल का
मुझे तेरे प्यार के सवालों में..

-Gauri

jab se tu chali gai chhodkar
khoya rahta hun main khayalon mein..
akelapan hi mila hai dil ka
mujhe tere pyar ke sawalon mein..

40)

मेरे दिल को जो बहलायेंगे
कुछ ख्याल ऐसे साथ लाना..

अकेलेपन की यादें लेकर मगर
अपने साथ तुम जरूर आना..

-Santosh

mere dil ko jo bahalayenge
kuchh khyal aise sath lana..
akelepan ki yaadein lekar magar
apne sath tum jarur aana..

41)

देखा है उसे तन्हाइयों की
महफिलों में गुनगुनाते हुए..

हवाएं बहती देखी है आज
गीत अकेलेपन के गाते हुए..

-Kavya

dekha hai use tanhaiyon ki
mehfilon mein gungunate hue..
hawaye bahti dekhi hai aaj
geet akelepan ke gaate hue..

42)

तन्हाइयों में ही सही मगर
तुम जरा साथ तो निभाओ..

हमारी यादों की तरफ जो आए
उस राह पर कभी चले आओ..

-Gauri

tanhaiyon mein hi sahi magar
tum jara saath to nibhaao..
hamari yaadon ki taraf jo aaye
us rah per kabhi chale aao..

43)

दिल पर मेरे उसकी
मेहरबानी हो गई है..

महफिल मेरी आज
फिर सूनी हो गई है..

-Santosh

dil per mere uski
meherbani ho gai hai..
mehfil meri aaj
fir suni ho gai hai..

44)

जिंदगी में उसी राह पर
लौटकर फिर से आ रहा हूं..

तनहाइयों को लेकर अब मैं
अकेला ही चला जा रहा हूं..

-Kavya

jindagi mein usi rah per
lautkar fir se aa raha hun..
tanhaiyon ko lekar ab main
akela hi chala ja raha hun..

45)

सोचा था इश्क़ को आजमाऊंगा,
मगर हमें तो बेवफा यार मिला..

सपने में भी ना सोचा था मैंने के
अकेलेपन का मिलेगा ये सिला..

-Gauri

socha tha ishq ko aajmaaunga,
magar hamen to bewafa yaar mila..
sapne mein bhi na socha tha maine ke
akelepan ka milega ye sila..

46)

दिल के जख्मों को अपने
खुद ही मरहम लगाऊंगा..

बेवफाई के जख्मों को लेकर
अब अकेला कहां जाऊंगा..

-Kavya

dil ke zakhmon ko apne
khud hi marham lagaunga..
bewafai ke zakhmo ko lekar
ab akela kahan jaunga..

47)

बेवजह ही सही पर
कुछ कह ही देते हमसे..

हमारी मोहब्बत कुबूल नहीं
तो खुद की जता देते..

-Vrushali

bevajah hi sahi per
kuchh kah hi dete humse..
hamari mohabbat qubool nahin
to khud ki jata dete..

48)

मोहब्बत भी अब
ज़ालिम लगने लगी हैं..

सच्ची होकर भी हमसे
निभाई नहीं जा रही हैं..

-Vrushali

mohabbat bhi ab
jalim lagne lagi hai..
sacchi hokar bhi humse
nibhai nahin ja rahi hai..

तो उसकी माशूका उसे दुनिया का सब से अच्छा इंसान समझती हैं. फिर उसमें बातों की अहमियत ना हो ऐसा हो ही नहीं सकता हैं. मोहब्बत हैं तो ये खामोशी क्यों बेवजह की खामोशी बस तड़पाती हैं.

Conclusion

Akelepan Ki Shayari की मदद से आपको अपने मजबूर और बेवफा प्यार की जरूर याद आएगी. लेकिन हम आज की इन तन्हाई शायरी ओं की मदद से आपको उन मजबूरियों को भूल कर अच्छी जिंदगी बिताने की सलाह देना चाहते हैं. Akelepan Ki Shayari को सुनकर अगर आपको भी अपने जालिम महबूब की यादें सताने लगी हो. तो हमें comment करते हुए जरूर बताईये. हमारी पोस्ट को शेयर करने के लिए धन्यवाद!

अकेलापन शायरी पर लिखी गयी हमारी ये पोस्ट भी आपको अच्छी लगेगी

आपके Twitter पर हमारी हसीन शायरी अपडेट्स पाने के लिए हमारे शायरी सुकून केे अकाउन्ट को जरूर Follow करें.

Leave a Reply

Your email address will not be published.