Ahmad Faraz Shayari 2 Lines -1: Gam Bhare Sher

Ahmad Faraz Shayari 2 Lines : दोस्तों हिंदी और उर्दू भाषा में शेर शायरी हो या फिर नज़्म हो. अहमद फराज साहब का नाम ना आए ऐसा हो ही नहीं सकता है. उन्हें शायरियों के महान रचनाकारों में से एक माना जाता है.

अपने मेहबूब की याद में लिखी सैड शायरी हो या फिर उसके प्यार के लिए लिखी रोमांटिक लव शायरी हो. अहमद फराज साहब ने हर तरह की शायरी और ग़ज़ल लिखी है. हम आपके लिए आज जो Ahmad Faraz Shayari 2 Lines लेकर आए हैं. उन्हें पढ़कर और सुनकर आपको इस बात का यकीन जरूर हो जाएगा.

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तो चलिए दोस्तों अब बिना देर किए आज की अहमद फराज साहब की शायरियों को सुनें! जिन्हें हमारे होनहार वॉइस और आर्टिस्ट ने अपने अंदाज में बयां किया है. और अगर आपको आज की यह पेशकश बहुत पसंद आए. तो इन Ahmed Faraz poetry in Hindi की इमेजेस भी जरूर डाउनलोड कीजिएगा. और अपने साथ ही अपने दोस्तों के साथ फेसबुक एवं व्हाट्सएप पर भी इन्हें शेयर जरूर कीजिएगा.

Table of Content

  1. Ahmad Faraz Poetry In Hindi – अहमद फराज पोएट्री इन हिंदी
  2. Ahmad Faraz Shayari – अहमद फराज शायरी
  3. Ahmad Faraz Shayari In English – अहमद फराज शायरी इन इंग्लिश
  4. Ahmad Faraz Shayari In Hindi – अहमद फराज शायरी इन हिंदी
  5. Ahmad Faraz Shayari 2 Lines – अहमद फराज शायरी 2 लाइंस
  6. Conclusion

Ahmad Faraz Poetry In Hindi – अहमद फराज पोएट्री इन हिंदी

Ahmad Faraz Poetry In Hindi
Ahmad Faraz Poetry In Hindi
1)

मेरे सब्र की इन्तेहाँ क्या पूछते हो 'फ़राज़'

वो मेरे सामने रो रहा है किसी और के लिए..

mere sabra ki intehaa kya puchte ho ‘faraz’

wo mere samne ro raha hai kisi aur ke liye..

2)

एक नफरत ही नहीं दुनिया में दर्द का सबब 'फराज'..

मोहब्बत भी सकूँ वालों को बड़ी तकलीफ देती है..

ek nafrat hi nahin duniya mein dard ka sabab faraz

mohabbat bhi sakun walon ko badi taqlif deti hai..

Ahmad Faraz Poetry In Hindi की मदद से अहमद फराज साहब प्यार में आने वाली तकलीफ बताना चाहते हैं. और किस तरह से कोई आशिक अपने सब लोग को बनाए रखता है इसका भी उदाहरण देना चाहते हैं.

Ahmad Faraz Shayari – अहमद फराज शायरी

3)

बिन मांगे ही मिल जाती है ताबीरें किसी को 'फराज'..

कोई खाली हाथ रह जाता है हजारों दुआओं के बाद..

bin maange hi mil jati hai taabiren kisi ko ‘faraz’..

koi khali hath rakha jata hai hajaron duaon ke bad..

4)

रूठ जाने की अदा हम को भी आती है 'फराज'..

काश होता कोई हम को भी मनाने वाला..

ruth jane ki ada humko bhi aati hai faraz

kash hota koi humko bhi manane wala..

Ahmad Faraz Shayari को सुनकर कोई आशिक अपने महबूब के लिए बार-बार दुआए मांगना चाहता है. लेकिन कई बार उसकी तकदीर और हाथ दोनों खाली ही रह जाते है.

Ahmad Faraz Shayari In English – अहमद फराज शायरी इन इंग्लिश

5)

अब मायूस क्यों हो उसकी बेवफाई पे फराज..

तुम खुद ही तो कहते थे कि वो सबसे जुदा है..

ab mayus kyon ho uski bewafai per faraz

tum khud hi to kahate the ki wo sabse juda hai..

6)

इस तरह गौर से मत देख मेरा हाथ ऐ फराज..

इन लकीरों में हसरतों के सिवा कुछ भी नहीं..

is tarah gaur se mat dekh mera hath ae faraz..

in lakiron mein hasraton ke siwa kuchh bhi nahin..

Ahmad Faraz Shayari In English की मदद फ़राज़ साहब आशिक की तकदीर का वाकिया बताना चाहते हैं. क्योंकि उन्हें पता है कि प्यार में कई बार जो चाहा हो वह मिलता ही नहीं है.

Ahmad Faraz Shayari In Hindi – अहमद फराज शायरी इन हिंदी

Ahmad Faraz Shayari In Hindi
Ahmad Faraz Shayari In Hindi
7)

मोहब्बत के अंदाज़ जुदा होते हैं फराज..

किसी ने टूट के चाहा और कोई चाह के टूट गया..

mohabbat ke andaaz juda hote hain faraz

kisi ne tut ke chaha aur koi chah ke toot gaya..

8)

एक पल जो तुझे भूलने का सोचता हूं फराज..

मेरी सांसे मेरी तकदीर से उलझ जाती है..

ek pal jo tujhe bhulne ka sochta hun faraz..

meri saanse meri takdeer se ulajh jaati hai..

Ahmad Faraz Shayari In Hindi की मदद से आशिक अपने दिल में दबी बात को बताने की कोशिश करता है. लेकिन किसी को टूट कर चाहने की सजा उसने खूब पाई होती है.

Ahmad Faraz Shayari 2 Lines – अहमद फराज शायरी 2 लाइंस

9)

उस शख्स से बस इतना सा ताल्लुक है 'फ़राज'

परेशाँ वो हो तो हमें नींद नहीं आती..

use shaks se bus itna sa taluq hai faraz

pareshan wo ho to hamen nind nahin aati..

10)

जो कभी हर रोज मिला करते थे 'फराज'

वो चेहरे तो अब ख़ाब ओ खयाल हो गए..

jo kabhi har roj mila karte the faraz

vo chehre to ab khaab o khayal ho gaye..

Ahmad Faraz Shayari 2 Lines की मदद से अपने भूले हुए प्यार को ही जैसे आशिक याद कर रहा होता है. क्योंकि उसके दिलबर का चेहरा अब तो उसकी ख्वाबों में भी ठीक तरह से नहीं आता है.

Conclusion

दोस्तों आज की अहमद फराज साहब के शायरी की पोस्ट आपको कैसे लगी? शायद इन Gam Bhare Sher को सुनकर आप भी अपने यार की यादों में खो गए होंगे. अगर हाँ, तो हमें लिखकर बताना ना भूलें!

हमारी इन Ahmad Faraz Shayari 2 Lines -1 को सुनकर अगर आपको भी अपने महबूब के अधूरे प्यार की दास्तान याद आ जाए. तो हमें comments area में comment करते हुए जरूर बताईये.

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